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कैपिटल छत्तीसगढ़ न्यूज नेटवर्क...
संवाददाता :- दीपक गुप्ता...✍️
सूरजपुर :- जिले के बिश्रामपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत शिवनंदनपुर मुख्य मार्ग पर स्थित बर्तन कारोबारी के संचालक से 7 लाख रुपए की ठगी हुई थी। इस मामले में पुलिस ने 2 नामजद आरोपियों के खिलाफ जुर्म दर्ज कर लिया है। दरअसल दोनों आरोपियों ने पीतल की मूर्तियां, बर्तन व घंटी की सप्लाई करने के एवज में रुपए लिए थे। बाद में 4 कार्टूनों में भरकर व्यवसायी को कबाड़ भेज दिया था। मिली जानकारी के मुताबिक सूरजपुर जिले के बिश्रामपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत शिवनंदनपुर मुख्य मार्ग पर स्थित बर्तन कारोबारी के संचालक से 7 लाख रुपए की ठगी हुई थी। इस मामले में पुलिस ने 2 नामजद आरोपियों के खिलाफ जुर्म दर्ज कर लिया है। दरअसल दोनों आरोपियों ने पीतल की मूर्तियां, बर्तन व घंटी की सप्लाई करने के एवज में रुपए लिए थे। बाद में 4 कार्टून में व्यवसायी को कबाड़ भेज दिया था। बर्तन कारोबारी मनोज अग्रहरि ने पुलिस को बताया कि उनके मुख्य मार्केट शिवनंदनपुर गुरुद्वारा चौक स्थित बर्तन दुकान लक्ष्मी मेटल स्टोर्स में 25 सितंबर को 2 व्यक्ति आए थे। उन्होंने खुद को थोक बर्तन व्यवसायी बताकर पीतल की मूर्ति, बर्तन, घंटी सहित इलेक्ट्रॉनिक चिप दिखाया। सौदा तय होने के बाद उसने दोनों को सामान भेजने के बदले साढ़े 6 लाख नगद और 50 हजार रूपए यूपीआई के माध्यम से उनके खाते में ट्रांसफर किया। 7 लाख रुपए लेने के बाद दोनों ठग द्वारा 4 कार्टून में जली हुई आईसी कबाड़ भेजकर ठगी कर ली गई। व्यवसाई ने बताया कि घटना दिवस दोपहर 12:00 बजे उसके दुकान पहुंचे दोनों ठगों में एक ने अपना नाम सुनील राठौर जबकि दूसरे ने अपना नाम फिरोज खान मुरादाबाद उत्तरप्रदेश से आना बताया था।
उन्होंने पीतल के बर्तन, मूर्ति व घंटी दिखाया। सौदा जमने पर मनोज अग्रहरि ने दोनों को 7 लाख रुपए के सामान का आर्डर दे दिया, जिसमें साढ़े 6 लाख रुपए नगद मौके पर काउंटर में ही दिया, शेष पचास हजार रुपए सामान की डिलीवरी होना बताकर दोनों ठगों ने झांसा से फोन पे पर भुगतान करा लिया। 27 सितंबर को व्यवसायी मनोज अग्रहरि निजी काम से अंबिकापुर गया था। शाम को वापस आने पर उसके स्टॉफ ने बताया कि 4 कार्टून में सामान आया है। जब उसने खोलकर देखा तो कार्टून में जला हुआ आईसी (इलेक्ट्रॉनिक चिप) का कबाड़ भरा हुआ था। इसके बाद उसने दोनों को फोन लगाया लेकिन उनका मोबाइल नंबर अब तक लगातार बंद आ रहा है। व्यवसायी ने दुकान का सीसीटीवी फुटेज, फोन पे पर किए पेमेंट की छाया प्रति सौंपकर पुलिस से कार्यवाही की मांग की थी। बिश्रामपुर पुलिस मामले में भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 318 (2), 3 (5) के तहत जुर्म दर्ज कर आरोपियों की पता तलाश शुरू कर दी है। क्षेत्र में व्यवसायी से इस तरह का अनोखी ठगी का मामला क्षेत्र में लंबे समय से चर्चा का विषय बना हुआ है।