सुनील स्पंज प्राइवेट लिमिटेड की जनसुनवाई चोरी छिपे करवाने का प्रयास

Jan 25, 2024 - 13:06
 0  151
सुनील स्पंज प्राइवेट लिमिटेड की जनसुनवाई चोरी छिपे करवाने का प्रयास

रायगढ़ - जो नेता प्रदूषण की बात करते थे उनकी सत्ता आते ही उद्योगों की जनसुनवाई की बाढ़ आ गई है या कही ऐसा तो नही की बनवास काटने के बाद नेता अब राजयोग का सुख लेने में इतने व्यस्त है कि लोगो की परवाह तक नही है।

आपको बताना चाहते है कि छत्तीसगढ़ में भाजपा की सरकार बने अभी लगभग 1 महीने ही पूरे हुए है और रायगढ़ में लंबित पड़े उद्योगों की जनसुनवाई धड़ल्ले से हो रही है पहली जनसुनवाई मेसर्स सुनील स्पंज प्राइवेट लिमिटेड की जनसुनवाई फरवरी में निर्धारित की गई है लेकिन यहाँ पर यह बताना अत्यंत महत्वपूर्ण की इस जनसुनवाई की अधिसूचना रायगढ़ के किसी भी अखबार में प्रकाशित नहीं किया गया है जिससे रायगढ़ के जागरूक लोगो और कम्पनी से प्रभावित लोगों को इसकी सूचना नही मिल सकी है जिससे एक बात समझ मे आ रहा है कि कही ऐसा तो नही की कंपनी की जनसुनवाई चोरी छिपे करने की कोशिश तो नही जिससे सुनील स्पंज प्राइवेट लिमिटेड की जनसुनवाई में किसी प्रकार का विरोध ना हो सके और जनसुनवाई सम्पन्न हो जाए । 

हमारे देश मे जितनी बड़ी बेरोजगारी समस्या है उससे कही ज्यादा प्रदूषण समस्या है लेकिन हमारे प्रदेश के चंद स्वार्थी नुमा नेताओं को प्रदूषण तो शायद दिखाई ही नही देता और भला दिखाई देगा भी कैसे उन नेताओं को तो अपनी लग्जरी गाड़ियों से बाहर निकलने का मौका ही नही मिलता इसलिए इन नेताओं को लगता है कि प्रदूषण की बाते महज अफवाह है लेकिन मैं अपनी लेखनी के माध्यम से इन नेताओं को यह याद दिलाना चाहता हु की जब से हमारे क्षेत्र में उद्योगों की भरमार हुई है तब से हमारे क्षेत्र में ऐसे ऐसे बीमारियों ने अपना पैर पसार लिया है जिसे पहले कभी देखा या सुना भी नही गया था यह बीमारी उद्योगों से होने वाले प्रदूषण का ही देना है। 

क्षेत्र में प्रतिदिन नए नए उद्योगों की स्थापना बड़ी ही तेजी से होता जा रहा है और जो उद्योग स्थापित है वह अपना विस्तार करने से पीछे नही हट रहे है लेकिन सबसे महत्वपूर्ण बात यह है की इन उद्योगों की बाढ़ के कारण हमारे क्षेत्र में पेड़ों की कटाई भी निरंतर जारी है जिससे हमें आने वाले दिनों में शुद्ध हवा के लिए भी लोगो को तरसना पड़ेगा ।  

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow